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प्रवासी श्रमिक प्रबन्धन योजना
July 8, 2020 • पवन उपाध्याय, वरिष्ठ पत्रकार • News

आजमगढ़। गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग/प्रभारी मंत्री आजमगढ़, सुरेश राणा द्वारा प्रवासी श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध कराये जाने के लिए जिला प्रशासन के माध्यम से तैयार किये गये ई-प्रयास पोर्टल का जूम ऐप के माध्यम से लाॅगिन आई-डी, पासवर्ड दर्ज कर लांच किया गया। जिलाधिकारी राजेश कुमार ने बताया कि कोविड-19 महामारी के दृष्टिगत लाकडाउन की अवधि में अन्य प्रदेशों/जनपदों से जनपद आजमगढ़ में 1 लाख 65 प्रवासी श्रमिकों का आगमन हुआ है। प्रवासी श्रमिकों का राजस्व व बाल विकास व पुष्टाहार विभाग द्वारा राजस्व ग्रामवार डोर-टू-डोर सर्वे कराया गया है एवं श्रमिकों का प्रोफाइल स्कील मैपिंग के अनुसार तैयार कराकर डाटा को पोर्टल पर अपलोड कराया गया है, जिनको रोजगार उपलब्ध कराये जाने के लिए जिला प्रशासन द्वारा ई-प्रयास पोर्टल तैयार किया गया है। 
जनपद में आये हुए 97790 प्रवासी श्रमिकों का डाटा ई-प्रयास पोर्टल पर अब तक अपलोड करा दिया गया है, जिसमें 7523 प्रवासी श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध करा दिया गया है, जिसमें 78 प्रवासी श्रमिकों को सरकारी विभागों में एवं 8 प्रवासी श्रमिकों को प्राइवेट सेक्टर में रोजगार दिया गया है। 
जिलाधिकारी ने बताया कि प्रवासी श्रमिक अमरजीत, ग्राम फिरोजाबाद, पोस्ट पाही आजमगढ़ व चन्द्रजीत ग्राम सरदारपुर बाबु, पो0 राउतमऊ, सठियांव को ई-प्रयास पोर्टल के माध्यम से जीएस-4 सिक्योरिटी, गाजियाबाद द्वारा आजमगढ़ में सिक्योरिटी गार्ड के पद पर 11000 रू0 प्रतिमाह पर रोजगार उपलब्ध करा दिया गया है। प्रभारी मंत्री द्वारा प्रवासी श्रमिक चन्द्रजीत व अमरजीत से बात की गयी।
आगे जिलाधिकारी ने बताया कि ई-प्रयास पोर्टल पर सेवायोजक के पंजीकरण की सुविधा दी गयी है। सेवायोजक पंजीकरण से सरकारी व गैर सरकारी सेवायोजकों को यह सुविधा प्राप्त होगी कि वे श्रमिकों की मांग सृजित कर सकेंगे। सेवायोजक पंजीकरण करने के उपरान्त यह आसानी से देख सकेंगे कि इस पोर्टल पर किस-किस कौशल के कितने श्रमिक उपलब्ध हैं। सेवायोजक दो प्रकार के होंगे, सरकारी एवं गैर सरकारी। इनके द्वारा पंजीकरण के बाद सीधे ही श्रमिक से सम्पर्क कर श्रमिक को रोजगार दिया जा रहा है। 
इसी के साथ ही ई-प्रयास पोर्टल पर प्रवासी श्रमिकों को रोजगार दिये जाने हेतु चिन्हित किये गये डाटा की भी मानिटरिंग की जा रही है। जब प्रवासी श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध करा दिया जाता है, तब प्रवासी श्रमिकों के डाटा को वैरिफाई कर दिया जाता है। 
आगे जिलाधिकारी ने बताया कि ई-प्रयास पोर्टल के माध्यम से एवं प्रवासी श्रमिक मित्र ऐप जो इस पोर्टल से लिंक्ड है, के माध्यम से इन श्रमिकों को उनकी दक्षता के आधार पर रोजगार, स्वास्थ्य व अन्य समस्याओं का समाधान कराना इस पोर्टल का उद्देश्य है। 
उन्होने बताया कि प्रवासी श्रमिकों की समस्याओं के निवारण के लिए प्रवासी श्रमिक प्रबन्धन योजना लागू की गयी है, जिसके लिए प्रवासी श्रमिक हेल्पलाइन नंबर 1800-180-2396 का प्रारम्भ किया गया है, जिसका उद्देश्य श्रमिकों की दक्षता के अनुसार जनपद में मौजूद सरकारी व गैर सरकारी सेवा योजकों से श्रमिकों को जोड़ा जायेगा, साथ ही श्रमिकों के सामान्य सम्मानजनक जीवन व उनकी सामाजिक सुरक्षा सम्पूर्ण समाधान के लिए त्रिस्तरीय तंत्र निर्मित किया गया है, जिसके शीर्ष पर जिलाधिकारी व मुख्य विकास अधिकारी हैं, तहसील स्तर पर उप जिलाधिकारी तथा विकास खण्ड स्तर पर खण्ड विकास अधिकारी व सेक्टर रोजगार अधिकारी की तैनाती की गयी है, यह त्रिस्तरीय तंत्र ग्राम समूहों के क्लस्टर में तैनात किये गये क्लस्टरवार नोडल अधिकारी व राजस्व ग्रामवार तैनात किये गये प्रवासी श्रमिक मित्रों के माध्यम से प्रवासी श्रमिकों की रोजगार व अन्य समस्याओं का समाधान किया जा रहा है। 
जिलाधिकारी ने बताया कि प्रवासी श्रमिकों को रोजगार उपलब्ध कराये जाने में उनकी सहायता के लिए जनपद में सभी 3726 राजस्व ग्रामों में प्रवासी श्रमिक मित्र नियुक्त किये गये हैं, जो परिषदीय विद्यालयों के शिक्षक/अनुदेशक/शिक्षा मित्र हैं, जिनके द्वारा प्रवासी श्रमिक ऐप का संचालन किया जा रहा है, जिसके माध्यम श्रमिक के निवास स्थान पर रजिस्ट्रेशन से लेकर उसके स्किल का अंकन करते हुए उसे रोजगार से जोड़ने की प्रक्रिया का प्रारम्भ किया जा रहा है, साथ ही सामान्य सम्मानजनक जीवन में उसकी दैनिक समस्या का निराकरण करते हुए पात्रता के अनुसार सरकारी सुविधाओं के साथ-साथ उसके पूर्ण पुनर्वास का प्रयास किया जा रहा है।
ई-प्रयास पोर्टल के अन्तर्गत जनपद में आये प्रत्येक प्रवासी श्रमिक को पंजीकरण का अवसर प्रदान किया गया है। पंजीकरण में श्रमिक का फोटोयुक्त प्रोफाइल निर्मित करना तथा पंजीकरण के उपरान्त जनपद में मनरेगा के साथ-साथ अन्य कार्यदायी विभाग जैसे-पीडब्लूडी, परिवहन विभाग, श्रम रोजगार विभाग, खादी ग्रामोद्योग विभाग आदि द्वारा तथा गैर सरकारी सेवायोजकों द्वारा इन श्रमिकों को उनके कौशल के आधार पर रोजगार प्रदान किया जा रहा है। 
इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी आनन्द कुमार शुक्ला, जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी साहित्य निकष सिंह, रोजगार सहायता अधिकारी तनुजा यादव उपस्थित रहे।